29/10/2013

लुत्फ़े दोज़ख भी लुत्फ़े जन्नत भी....
हाय क्या चीज़ है मुहब्बत भी

No comments:

Post a Comment

रंग बातें करें और बातों से ख़ुश्बू आए दर्द फूलों की तरह महके अगर तू आए